केंद्रीय कृषि मंत्री Shivraj Singh Chouhan ने कहा है कि “खेत बचाओ अभियान” सिर्फ जागरूकता फैलाने तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि इसे खेत, किसान और गांव को एक सूत्र में जोड़ने वाले व्यापक जनआंदोलन के रूप में विकसित किया जाएगा। अभियान की तैयारियों की समीक्षा के लिए आज दिल्ली में आयोजित उच्चस्तरीय बैठक में उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि किसानों तक समय पर आवश्यक जानकारी और सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाना अभियान की प्राथमिकता होनी चाहिए।
बैठक के दौरान कृषि मंत्री ने संतुलित एवं वैज्ञानिक तरीके से उर्वरकों के उपयोग को बढ़ावा देने, बदलते मौसम की चुनौतियों के बीच किसानों को समय पर सलाह उपलब्ध कराने तथा पंचायत स्तर पर जनभागीदारी सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने कहा कि सरकार की योजनाओं का वास्तविक लाभ गांवों तक पहुंचे, इसके लिए स्थानीय स्तर पर सक्रिय सहयोग आवश्यक है।
एक जून से शुरू होकर पूरे महीने चलने वाले “खेत बचाओ अभियान” को प्रभावी बनाने के लिए मंत्री ने स्पष्ट किया कि इसका मुख्य उद्देश्य कृषि भूमि की उर्वरता को बनाए रखना, खेती की लागत को नियंत्रित करना और किसानों को सही समय पर उचित मार्गदर्शन उपलब्ध कराना है। उन्होंने कहा कि यह अभियान केवल सरकारी पहल नहीं, बल्कि पंचायतों, राज्यों और केंद्र सरकार की साझी भागीदारी से संचालित होने वाला एक समन्वित प्रयास होगा, जिससे कृषि क्षेत्र को दीर्घकालिक लाभ मिल सके।
